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circa 1900–1700 BC
Jacob, Joseph & Egypt
Jacob wrestles with God and becomes Israel; Joseph is sold into slavery yet rises to save the world from famine.
इस काल के वचन
- उत्पत्ति ३६:२८लगभग १७५६ ई.पू.
दिशान के पुत्र: उज़ और अरान.
- उत्पत्ति ३६:२९लगभग १७५६ ई.पू.
वे प्रधान, जो होरियों वंश के, ये है: लोतन, शोबल, ज़िबेओन, अनाह,
- उत्पत्ति ३६:३०लगभग १७५६ ई.पू.
दिशोन, एज़र तथा दिशान. सेईर देश में होरी जाति के लोग प्रधान बने.
- उत्पत्ति ३६:३१लगभग १७५६ ई.पू.
इसके पहले कि इस्राएल पर किसी राजा का शासन होता, एदोम देश पर राज्य करनेवाले राजा ये थे:
- उत्पत्ति ३६:३२लगभग १७५६ ई.पू.
बेओर का पुत्र बेला एदोम का राजा बना, तथा उसके द्वारा शासित नगर का नाम था दिनहाबाह.
- उत्पत्ति ३६:३३लगभग १८६९ ई.पू.
बेला के मरने के बाद, उसके स्थान पर बोज़राहवासी ज़ेराह का पुत्र योबाब राजा बना.
- उत्पत्ति ३६:३४लगभग १८२७ ई.पू.
योबाब के मरने के बाद, उसके स्थान पर तेमानियों के देश का व्यक्ति हुशम राजा बना.
- उत्पत्ति ३६:३५लगभग १७८५ ई.पू.
हुशम के मरने के बाद, उसके स्थान पर बेदद का पुत्र हदद राजा बना. उसने मोआब देश में मिदियानी सेना को हरा दिया. उसके द्वारा शासित नगर का नाम था आविथ.
- उत्पत्ति ३६:३६लगभग १७४३ ई.पू.
हदद के मरने के बाद, उसके स्थान पर मसरेकाह का सामलाह राजा बना.
- उत्पत्ति ३६:३७लगभग १७०१ ई.पू.
सामलाह के मरने के बाद, फरात नदी पर बसे रेहोबोथ का निवासी शाऊल उनके स्थान पर राजा बना.
- उत्पत्ति ३६:३८लगभग १६५९ ई.पू.
शाऊल के मरने के बाद, उसके स्थान पर अखबोर का पुत्र बाल-हनन राजा बना.
- उत्पत्ति ३६:३९लगभग १६१७ ई.पू.
अखबोर के पुत्र बाल-हनन के मरने के बाद, उसके स्थान पर हदद राजा बना. उस नगर का नाम पाऊ था तथा उसकी पत्नी का नाम मेहेताबेल था. वह मातरेद की पुत्री, और मातरेद मेत्साहब की पुत्री थी.
- उत्पत्ति ३६:४०लगभग १६१७ ई.पू.
एसाव के वंश में जो प्रधान थे उनके नाम: तिम्ना, अलवाह, यथेथ,
- उत्पत्ति ३६:४१लगभग १६१७ ई.पू.
ओहोलिबामाह, एलाह, पिनोन,
- उत्पत्ति ३६:४२लगभग १६१७ ई.पू.
केनाज़, तेमान, मिबज़ार,
- उत्पत्ति ३६:४३लगभग १६१७ ई.पू.
मगदिएल, इराम. ये सभी एदोम देश के प्रधान हुए. एक प्रदेश में जो रहा, उस प्रदेश का नाम भी वही था जो उनका पारिवारिक नाम था. यह एसाव, जो एदोमियों का गोत्रपिता था, उसका परिवार है.
- उत्पत्ति ३७:१लगभग १७२८ ई.पू.
याकोब कनान देश में रहते थे. वहीं तो उनके पिता परदेशी होकर रहे थे.
- उत्पत्ति ३७:२लगभग १७२८ ई.पू.
यह है याकोब के परिवार का इतिहास. याकोब के वंश में योसेफ़ जब सत्रह वर्ष के थे वह अपने भाइयों के साथ भेड़-बकरियों को चराते थे, उनके पिता की पत्नियों बिलहाह तथा ज़िलपाह के पुत्र भी उनके साथ ही थे. योसेफ़ अपने पिता को अपने भाइयों की गलत आदतों के बारे में बताया करते थे.
- उत्पत्ति ३७:३लगभग १७२८ ई.पू.
इस्राएल अपने सभी बच्चों से ज्यादा योसेफ़ को प्यार करते थे; क्योंकि वह उनके बुढ़ापे की संतान थी. याकोब ने योसेफ़ के लिए रंग बिरंगा वस्त्र बनवाया था.
- उत्पत्ति ३७:४लगभग १७२८ ई.पू.
योसेफ़ के भाइयों ने देखा कि उनके पिता उनसे ज्यादा योसेफ़ को प्यार करते हैं; इसलिये वे योसेफ़ से नफ़रत करने लगे.
- उत्पत्ति ३७:५लगभग १७२८ ई.पू.
योसेफ़ ने एक स्वप्न देखा था, जिसे उसने अपने भाइयों को बताया. योसेफ़ के भाई योसेफ़ से ज्यादा नफ़रत करने लगे.
- उत्पत्ति ३७:६लगभग १७२८ ई.पू.
योसेफ़ ने अपने भाइयों से कहा, “कृपया मेरा स्वप्न सुनिए.
- उत्पत्ति ३७:७लगभग १७२८ ई.पू.
हम सब खेत में पूला बांध रहे थे. मैंने देखा कि मेरा पूला उठकर सीधा खड़ा हो गया. और आपके पूले मेरे पूले के आस-पास एकत्र हो गये और मेरे पूले को प्रणाम करने लगे.”
- उत्पत्ति ३७:८लगभग १७२८ ई.पू.
यह सुन उनके भाई कह उठे, “तो क्या तुम हम पर अधिकार करने का विचार कर रहे हो? क्या तुम सच में हम पर अधिकार कर लोगे?” इसके बाद वे योसेफ़ से और ज्यादा नफ़रत करने लगे.
- उत्पत्ति ३७:९लगभग १७२८ ई.पू.
फिर योसेफ़ ने दूसरा सपना देखा. योसेफ़ ने कहा, “मैंने दूसरा सपना देखा है; मैंने सूरज, चांद और ग्यारह नक्षत्रों को मुझे प्रणाम करते देखा.”