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Armies के बारे में बाइबल के वचन

207 वचन · 77 पहलू

प्रमुख बाइबल वचन

पुस्तक के अनुसार छाँटें
  1. जब दावीद के घराने को यह पता चला कि अराम और एफ्राईम एकजुट हो गए है; तो उनके लोग आंधी से हिलते हुए वन वृक्षों के समान डर से कांपने लगे.

  2. तब याहवेह ने यशायाह से कहा, “तुम्हें और तुम्हारे पुत्र शआर-याशूब को आहाज़ से मिलने राजमार्ग से लगे धोबी खेत में ऊपरी कुंड के पास पहुंचना है.

  3. और उनसे कहना कि, ‘अराम के राजा, रेज़िन तथा रेमालियाह के पुत्र के क्रोध के कारण जो जलता हुआ धुआं दिखाई दे रहा है, सावधान और शांत बने रहना, भयभीत न होना और न ही घबराना.

  4. क्योंकि अराम के राजा, रेमालियाह के पुत्र तथा एफ्राईम ने तुम्हारे विरुद्ध यह कहते हुए नई चाल चली है,

  5. “आओ, हम यहूदाह पर आक्रमण कर उसे मार दें, और ताबील के पुत्र को उसका राजा बना दें.”

  6. इसलिये प्रभु याहवेह ने कहा: “ ‘उनकी यह चाल सफल न होगी, यह कदापि सफल न होगी.

  7. क्योंकि अराम का सिर दमेशेक है, और दमेशेक का रेज़िन. आगामी पैंसठ वर्षों के अंदर में एफ्राईम ऐसा नष्ट कर दिया जाएगा.

  8. एफ्राईम का शीर्ष शोमरोन और शोमरोन का शीर्ष रेमालियाह का पुत्र है. यदि तुम विश्वास नहीं करोगे तो स्थिर भी नहीं रहोगे.’ ”

  9. हे दूर-दूर देश के सब लोगों, चिल्लाओ अपनी-अपनी कमर कसो. परंतु तुम्हारे टुकड़े-टुकड़े किए जाएंगे और तुम नाश किए जाओगे!

  10. तुम चाहे कुछ भी करो, कोई फायदा नहीं; और तुम्हारी सब बात झूठी होगी, क्योंकि परमेश्वर तो हमारे साथ हैं.

  11. और याहवेह का मजबूत हाथ मेरे ऊपर था, और उन लोगों के समान न बनने के लिए याहवेह ने कहा:

  12. “जिससे ये सब लोग नफरत करे तुम उससे नफरत न करना; और जिससे वे डरे हैं, तुम उससे डरो मत.

  13. ज़ियोन में स्त्रियां भ्रष्‍ट कर दी गई हैं, यहूदिया के नगरों की कन्याएं.

  14. शासकों को उनके हाथों से लटका दिया गया है; पूर्वजों को कोई सम्मान नहीं दिया जा रहा.

  15. युवाओं को चक्की चलाने के लिए बाध्य किया जा रहा है; किशोर लट्ठों के बोझ से लड़खड़ा रहे हैं.

  16. तुम और तुम्हारी सारी सेना और तुम्हारे साथ बहुत सी जनता आंधी की तरह आगे बढ़ती हुई आगे जाएगी; तुम उस बादल की तरह होंगे, जो देश के ऊपर छा जाता है.

  17. “ ‘परम प्रधान याहवेह का यह कहना है: उस दिन तुम्हारे मन में विचार उठेंगे और तुम एक बुरी युक्ति करोगे.

  18. तुम कहोगे, “मैं बिना दीवार वाले गांवों के एक देश पर आक्रमण करूंगा; मैं उन पर आक्रमण करूंगा, जो शांतिपूर्वक और निडर रहते हैं—उनमें से सब बिना किसी दीवार और बिना द्वार और बल्लियों के निवास कर रहे हैं.

  19. मैं उन्हें लूटूंगा और उनसे छीन लूंगा और मेरा हाथ फिर से बनाये गए खंडहरों और विभिन्‍न जातियों से इकट्‍ठे हुए उन लोगों के विरुद्ध उठेगा, जिनके पास बहुत सारे पशु और संपत्ति है और जो देश के बीच में रहते हैं.”

  20. शीबा और देदान के लोग और तरशीश के व्यापारी और इसके सब गांव तुमसे कहेंगे, “क्या तुम लूटने आये हो? क्या तुमने अपने उपद्रवी झुंड को लूटने, सोना और चांदी ले जाने, पशुओं तथा संपत्ति को ले जाने और लूट के सामान पर कब्जा करने के लिये इकट्ठा किया है?” ’

  21. “इसलिये हे मनुष्य के पुत्र, भविष्यवाणी करके गोग से कहो: ‘परम प्रधान याहवेह का यह कहना है: उस समय, जब मेरे इस्राएली लोग सुरक्षित रह रहे होंगे, तब क्या तुम्हारा ध्यान इस पर नहीं जाएगा?

  22. तुम बहुत दूर उत्तर में अपने स्थान से आओगे, तुम्हारे साथ बहुत सी जाति के लोग होंगे, वे सब घोड़ों पर सवार होंगे, अर्थात् एक बड़ा उपद्रवी झुंड, एक शक्तिशाली सेना होगी.

  23. तुम मेरे इस्राएली लोगों के विरुद्ध उस बादल की तरह आगे बढ़ोगे, जो देश पर छा जाता है. हे गोग, आनेवाले दिनों में, मैं तुम्हें मेरे ही देश के विरुद्ध आक्रमण करवाऊंगा, ताकि जब मैं तुम्हारे ज़रिए जाति-जाति के लोगों की आंखों के सामने पवित्र साबित होऊं, तब वे मुझे जानें.

  24. वह तब तक बढ़ा, जब तक कि वह आकाश के सेना के पास न पहुंच गया, और उसने तारों की कुछ सेना को नीचे पृथ्वी पर फेंक दिया और उन्हें रौंद डाला.

  25. उसने अपने आपको याहवेह की सेना के सेनापति के जैसे बड़ा बना लिया; उसने याहवेह को चढ़ाए जानेवाले प्रतिदिन के बलिदान को छीन लिया, और उसके पवित्र स्थान को नीचे फेंकवा दिया.