मुख्य सामग्री पर जाएँ

circa 1446 BC

Sinai & The Law

God meets Israel at Mount Sinai, reveals the Ten Commandments, and establishes the Tabernacle and the priestly covenant.

1,657 वचन · 2 पुस्तकें शामिल

पुस्तक के अनुसार छाँटें
  1. लेवी ९:२०लगभग १४९० ई.पू.

    उन्होंने चर्बी के भाग को छाती पर रखा और अहरोन ने उन्हें वेदी पर अग्नि में जलाकर भेंट कर दिया.

  2. लेवी ९:२१लगभग १४९० ई.पू.

    किंतु छाती और दायीं जांघ को अहरोन ने लहराने की बलि के रूप याहवेह के सामने प्रस्तुत किया; ठीक जैसा मोशेह ने आदेश दिया था.

  3. लेवी ९:२२लगभग १४९० ई.पू.

    इसके बाद अहरोन ने प्रजा की ओर अपने हाथ उठाकर उनके लिए आशीष वचन बोले और पापबलि, होमबलि और मेल बलि भेंट करने के बाद नीचे उतर आए.

  4. लेवी ९:२३लगभग १४९० ई.पू.

    मोशेह और अहरोन मिलनवाले तंबू में चले गए, और जब उन्होंने मिलनवाले तंबू से बाहर आकर प्रजा के लिए आशीष वचन बोले, तो याहवेह का प्रताप सारी प्रजा को दिखाई दिया.

  5. लेवी ९:२४लगभग १४९० ई.पू.

    तब याहवेह की उपस्थिति की अग्नि ने प्रकट होकर होमबलि और वेदी पर की चर्बी के भागों को भस्म कर दिया. यह देख सारी प्रजा जय जयकार के नारे के साथ भूमि की ओर नतमस्तक हो गई.

  6. लेवी १०:१लगभग १४९० ई.पू.

    अहरोन के पुत्र नादाब और अबीहू ने अपने-अपने धूपदान लिए और उनमें अग्नि रखने के बाद लोबान भी रखा. इस प्रकार उन्होंने याहवेह के सामने बिना आज्ञा की अपवित्र अग्नि भेंट की; याहवेह की ओर से इसका आदेश न था.

  7. लेवी १०:२लगभग १४९० ई.पू.

    याहवेह की उपस्थिति से अग्नि निकलकर उन्हें भस्म कर दिया, और याहवेह के सामने ही उनकी मृत्यु हो गई.

  8. लेवी १०:३लगभग १४९० ई.पू.

    मोशेह ने अहरोन से कहा, “याहवेह के यही विचार थे, “ ‘उनके द्वारा, जो मेरे निकट आते हैं, मैं पवित्र ठहराया जाऊं, तथा सारी प्रजा के सामने मेरी महिमा हो.’ ” इस पर अहरोन शांत ही रहे.

  9. लेवी १०:४लगभग १४९० ई.पू.

    मोशेह ने अहरोन के चाचा उज्ज़िएल के पुत्र मिषाएल और एलज़ाफन को भी बुलाकर उन्हें यह आदेश दिया, “निकट आ जाओ और अपने भाइयों के लाश पवित्र स्थान के सामने से हटा लो और छावनी के बाहर ले जाओ.”

  10. लेवी १०:५लगभग १४९० ई.पू.

    तब वे निकट आए और लाशों को उनके अंगरखों सहित छावनी से बाहर ले गए, ठीक जैसा मोशेह ने आदेश दिया था.

  11. लेवी १०:६लगभग १४९० ई.पू.

    इसके बाद मोशेह ने अहरोन और उनके पुत्र एलिएज़र और इथामार को यह आदेश दिया, “अपने सिर के बालों को न मुंडाओ और न ही अपने वस्त्र फाड़ो, ऐसा न हो कि तुम्हारी मृत्यु हो जाए और याहवेह का क्रोध सारी सभा पर भड़क उठे. केवल तुम्हारे भाई अर्थात् इस्राएल की सारी प्रजा याहवेह के द्वारा लगाई हुई इस आग के लिए विलाप करे.

  12. लेवी १०:७लगभग १४९० ई.पू.

    तुम तो मिलनवाले तंबू के द्वार से बाहर भी न जाना, अन्यथा तुम्हारी भी मृत्यु हो जाएगी, क्योंकि तुम पर याहवेह के तेल का अभिषेक है.” तब उन्होंने मोशेह के आदेश के अनुसार ही किया.

  13. लेवी १०:८लगभग १४९० ई.पू.

    इसके बाद याहवेह ने अहरोन को यह आदेश दिया,

  14. लेवी १०:९लगभग १४९० ई.पू.

    “जब तुम मिलनवाले तंबू में प्रवेश करो, तो न तो तुम और न ही तुम्हारे पुत्र दाखरस अथवा दाखमधु का उपभोग करें, कि तुम्हारी मृत्यु न हो जाए. यह तुम्हारी आनेवाली सारी पीढ़ियों के लिए हमेशा के लिए विधि है,

  15. लेवी १०:१०लगभग १४९० ई.पू.

    कि तुम पवित्र और अपवित्र के बीच, शुद्ध और अशुद्ध के बीच भेद कर सको.

  16. लेवी १०:११लगभग १४९० ई.पू.

    इस्राएल की प्रजा को उन सारी विधियों की शिक्षा देनी अनिवार्य है, जिनको याहवेह ने तुम्हें मोशेह के द्वारा दिया है.”

  17. लेवी १०:१२लगभग १४९० ई.पू.

    फिर मोशेह ने अहरोन और उनके दोनों बचे हुए पुत्रों, एलिएज़र और इथामार को यह आदेश दिया, “याहवेह को अग्नि में अर्पित अन्‍नबलि में से शेष रह गए भाग, जो खमीर रहित है, उसको लेकर वेदी के निकट ही खाओ, क्योंकि यह परम पवित्र है.

  18. लेवी १०:१३लगभग १४९० ई.पू.

    तुम इसको पवित्र स्थान में ही खाना, क्योंकि यह याहवेह को अर्पित बलि में से तुम्हारा और तुम्हारे पुत्रों के लिए निर्धारित भाग है, क्योंकि मुझे ऐसा ही आदेश दिया गया है.

  19. लेवी १०:१४लगभग १४९० ई.पू.

    किंतु तुम तथा तुम्हारी सन्तति लहराने की बलि स्वरूप भेंट, छाती और जांघ को किसी स्वच्छ स्थान में खा सकते हो; क्योंकि यह इस्राएल की प्रजा की मेल बलियों में से तुम्हारे और तुम्हारे पुत्रों एवं पुत्रियों के लिए निर्धारित भाग के रूप में तुम्हें दिया गया है.

  20. लेवी १०:१५लगभग १४९० ई.पू.

    वे अग्निबलि के लिए निर्धारित चर्बी के भाग के साथ जांघ को ऊंचा उठाते, और छाती को लहराते हुए याहवेह के सामने लहराने की बलि के रूप में लाएंगे; यह तुम्हारे और तुम्हारे पुत्रों के लिए स्थायी भाग है, ठीक जैसा आदेश याहवेह ने दिया था वैसा ही.”

  21. लेवी १०:१६लगभग १४९० ई.पू.

    किंतु मोशेह ने पापबलि के लिए निर्धारित बकरे के विषय में खोजबीन की, तो मालूम हुआ कि उसको तो जलाया जा चुका है! इसलिये मोशेह अहरोन के बचे हुए पुत्रों एलिएज़र तथा इथामार पर क्रोधित हो गए. मोशेह ने उनसे यह प्रश्न किया,

  22. लेवी १०:१७लगभग १४९० ई.पू.

    “तुमने पापबलि के पशु को पवित्र स्थान में क्यों नहीं खाया? क्योंकि यह तो परम पवित्र है, तथा याहवेह ने यह तुम्हें प्रजा के दोष अपने ऊपर उठाकर और याहवेह के सामने उनके लिए प्रायश्चित पूरा करने के लिए दिया था.

  23. लेवी १०:१८लगभग १४९० ई.पू.

    इसका तो रक्त तक पवित्र स्थान के भीतरी कक्ष में नहीं लाया गया, ज़रूरी था कि तुम इसको पवित्र स्थान में खाते; ठीक जैसा आदेश मैंने दिया था.”

  24. लेवी १०:१९लगभग १४९० ई.पू.

    किंतु अहरोन ने मोशेह को उत्तर दिया, “सुनिए, आज ही उन्होंने याहवेह के सामने अपनी पापबलि और होमबलि चढ़ाई है, फिर भी मेरे साथ यह सब घटित हो गया है! यदि आज मैं पापबलि के पशु को खा लेता, तो क्या यह याहवेह की दृष्टि में भला होता?”

  25. लेवी १०:२०लगभग १४९० ई.पू.

    जब मोशेह ने यह सुना, तो यह उन्हें सही ही जान पड़ा.