God
God का उल्लेख करने वाले वचन
मैं मागोग और उन पर आग भेजूंगा, जो समुद्रतट में सुरक्षा की स्थिति में रहते हैं, और वे जानेंगे कि मैं याहवेह हूं.
“ ‘मैं अपने इस्राएली लोगों के बीच अपने पवित्र नाम को प्रगट करूंगा. मैं अपने पवित्र नाम को फिर अपवित्र होने नहीं दूंगा, और जाति-जाति के लोग जानेंगे कि मैं याहवेह ही इस्राएल में पवित्र हूं.
यह आ रहा है! यह निश्चित होकर रहेगा, परम प्रधान याहवेह की घोषणा है. यह वह दिन है, जिसके बारे में मैंने कहा है.
उन्हें मैदान में लकड़ी जमा करने की या बंजर भूमि से लकड़ी काटने की आवश्यकता नहीं होगी, क्योंकि वे हथियारों का उपयोग ईंधन के लिये करेंगे. और वे उनको लूटेंगे, जो उनको लूटे थे और उनसे छीनेंगे, जो उनसे छीन लिये थे, परम प्रधान याहवेह की घोषणा है.
“ ‘उस दिन मैं गोग को इस्राएल में एक कब्रस्थान दूंगा, जो उन लोगों की घाटी में होगा, जो समुद्र के पूर्व की ओर यात्रा करते हैं. यह कब्रस्थान यात्रा करनेवालों का रास्ता रोकेगा, क्योंकि गोग और उसके सब उपद्रवी झुंड को वहां दफना दिया जाएगा. इसलिये इस स्थान को हामोन-गोग की घाटी कहा जाएगा.
देश के सब लोग उन्हें मिट्टी देंगे, और जिस दिन मैं अपनी महिमा को प्रगट करूंगा, वह उनके लिये एक यादगार दिन होगा, परम प्रधान याहवेह की घोषणा है.
“हे मनुष्य के पुत्र, परम प्रधान याहवेह का यह कहना है: सब प्रकार के पक्षी और सब जंगली जानवरों को बुलाओ: ‘सब तरफ से आओ और उस बलिदान के लिये एक जगह जमा हो जाओ, जिसे मैं तुम्हारे लिये तैयार कर रहा हूं. यह इस्राएल के पर्वतों पर महान बलिदान होगा. वहां तुम मांस खाओगे और खून पियोगे.
जो बलिदान मैं तुम्हारे लिये तैयार कर रहा हूं, उसे खाते-खाते तृप्त हो जाओगे और खून को पीते-पीते छक जाओगे.
मेरी मेज़ पर घोड़ों और सवारों, शक्तिशाली मनुष्यों और हर प्रकार के सैनिकों को खाकर संतुष्ट हो जाओगे,’ परम प्रधान याहवेह की घोषणा है.
“मैं जाति-जाति के लोगों के बीच अपनी महिमा प्रगट करूंगा, और सारी जातियां उनको दिये गए मेरे दंड और उन पर उठे मेरे हाथ को देखेंगी.
उस दिन से आगे इस्राएल के लोग जानेंगे कि मैं याहवेह, उनका परमेश्वर हूं.
और जाति-जाति के लोग जानेंगे कि इस्राएली अपने पाप के कारण बंधुआई में चले गये थे, क्योंकि वे मेरे प्रति विश्वासयोग्य नहीं थे. इसलिये मैंने अपना मुंह उनसे छिपा लिया और उन्हें उनके शत्रुओं के अधीन कर दिया, और वे सब तलवार से मारे गए.
उनकी अशुद्धता और उनके अपराधों के अनुसार मैंने उनसे व्यवहार किया, और मैंने अपना मुंह उनसे छिपा लिया.
“इसलिये परम प्रधान याहवेह का यह कहना है: अब मैं याकोब की स्थिति को बदलूंगा और इस्राएल के सब लोगों पर कृपा करूंगा, और मैं अपने पवित्र नाम के लिये उत्साही रहूंगा.
जब वे अपने देश में सुरक्षित रहेंगे और उन्हें कोई भयभीत करनेवाला न होगा, तब वे अपनी लज्जा और मेरे प्रति किए गए सब विश्वासघात को भूल जाएंगे.
जब मैं उन्हें विभिन्न जाति के लोगों के बीच से वापस ले आऊंगा और उनके शत्रुओं के देश में से लाकर उन्हें इकट्ठा कर लूंगा, तब उनके ज़रिए मैं बहुत सी जनताओं की दृष्टि में पवित्र ठहरूंगा.
तब वे जानेंगे कि मैं याहवेह, उनका परमेश्वर हूं, हालाकि मैंने उन्हें जाति-जाति के लोगों के बीच बंधुआई में जाने दिया था पर मैं उन्हें उनके अपने देश में इकट्ठा करूंगा, और एक को भी पीछे नहीं छोड़ूंगा.
मैं फिर कभी उनसे अपना मुंह नहीं छिपाऊंगा, क्योंकि मैं इस्राएल के लोगों पर अपना आत्मा उंडेलूंगा, परम प्रधान याहवेह की घोषणा है.”
हमारे बंधुआई के पच्चीसवें वर्ष के प्रारंभ ही में, माह के दसवें दिन, जो नगर के पतन के बाद का चौदहवां वर्ष था; उसी दिन याहवेह का हाथ मेरे ऊपर था और वह मुझे वहां ले गए.
परमेश्वर के इस दर्शन में वह मुझे इस्राएल के देश में ले गए और मुझे एक बहुत ऊंचे पर्वत पर खड़ा कर दिया, जिसके दक्षिण ओर कुछ भवन थे, जो एक शहर की तरह दिखता था.
वह मुझे वहां ले गए, और मैंने एक मनुष्य को देखा, जिसका स्वरूप कांसे के समान था; वह अपने हाथ में सन की रस्सी और नापने का एक डंडा लिए द्वार पर खड़ा था.
और वह कमरा जो उत्तर की ओर खुलता है, वह उन पुरोहितों के लिए है, जो वेदी की पहरेदारी करते हैं. ये सादोक के संतान हैं, और ये ही सिर्फ वे लेवी हैं जो याहवेह के पास जाकर उसके सामने सेवा टहल करें.”
वहां लकड़ी की एक वेदी थी, जो लगभग डेढ़ मीटर ऊंची थी, और इसकी लंबाई और चौड़ाई लगभग एक-एक मीटर थी; इसके कोने, इसका आधार और इसके किनारे लकड़ी के बने थे. उस मनुष्य ने मुझसे कहा, “यह वह मेज़ है, जो याहवेह के सामने है.”
तब उसने मुझसे कहा, “मंदिर के आंगन की ओर के उत्तर और दक्षिण के कमरे पुरोहितों के हैं, जहां वे पुरोहित महा पवित्र बलिदानों को खाएंगे, जो याहवेह की सेवा करते हैं. वहां वे महा पवित्र बलिदानों को रखेंगे—अन्नबलि, पाप बलिदान और दोष बलिदान—क्योंकि यह स्थान पवित्र है.
और मैंने इस्राएल के परमेश्वर की महिमा को पूर्व दिशा से आते देखा. उसकी आवाज तेजी से बहते पानी के घरघराहट सी थी, और पृथ्वी उसकी महिमा से प्रकाशमान हो रही थी.