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होशेआ १३:१२-१४

न्याय, अविवेक और छुटकारा

होशेआ १३:१२-१४
१२
एफ्राईम के अपराध बहुत हो गये हैं, उसके पापों का लेखा-जोखा रखा गया है.
१३
उसको एक स्त्री के बच्‍चे जनने की सी पीड़ा होगी, पर वह बिना बुद्धि का एक बच्चा है; जब प्रसव का समय आता है, तो उसे गर्भ से बाहर आने का ज्ञान नहीं होता.
१४
“मैं इन लोगों को कब्र की शक्ति से छुटकारा दूंगा; मैं इन्हें मृत्यु से बचाऊंगा. हे मृत्यु, कहां है तुम्हारी महामारियां? हे कब्र, कहां है तुम्हारा विनाश? “मैं कोई करुणा नहीं करूंगा,
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