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All Christians Should Be As Missionaries के बारे में बाइबल के वचन: In joyfully suffering for Christ

1 वचन · 66 पहलू

In joyfully suffering for Christ पर वचन

  1. तुमने उन पर सहानुभूति व्यक्त की, जो बंदी बनाए गए थे तथा तुमने संपत्ति के छीन जाने को भी इसलिये सहर्ष स्वीकार कर लिया कि तुम्हें यह मालूम था कि निश्चित ही उत्तम और स्थायी है तुम्हारी संपदा.