Skip to content
अय्योब ६:१५-१७

अय्योब ६:१५-१७

१५
मेरे भाई तो जलधाराओं समान विश्वासघाती ही प्रमाणित हुए, वे जलधाराएं, जो विलीन हो जाती हैं,
१६
जिनमें हिम पिघल कर जल बनता है और उनका जल छिप जाता है.
१७
वे जलहीन शांत एवं सूनी हो जाती हैं, वे ग्रीष्मऋतु में अपने स्थान से विलीन हो जाती हैं.
Settings

Reading Style

Typeface

Font Size 19px

Options