मुख्य सामग्री पर जाएँ

Kir

5 verses

31.1800, 35.7000 गूगल मानचित्र पर देखें

Kir का उल्लेख करने वाले वचन

  1. अश्शूर के राजा ने आहाज़ का प्रस्ताव स्वीकार कर लिया. तब वह दमेशेक पर हमला कर उसे अपने अधीन करके, नगरवासियों को बंदी बनाकर, उन्हें कीर नामक स्थान को ले गया, और वहां उसने रेज़िन की हत्या कर दी.

  2. एक ही रात में मोआब का: आर नगर उजाड़ दिया गया, और उसी रात में मोआब के, कीर नगर को नाश कर दिया गया!

  3. एलाम ने घोड़ों पर सवार, तथा रथों के साथ अपना तरकश साथ रख लिया है; और कीर ने ढाल खोल ली है.

  4. दमेशेक नगर के प्रवेश द्वार को मैं तोड़ डालूंगा; और आवेन घाटी के राजा को, और बेथ-एदेन में राजदंड धरनेवाले को, मैं नाश कर दूंगा. अरामवासी कीर में बंधुआई में चले जाएंगे,” यह याहवेह का कहना है.

  5. “क्या तुम इस्राएली मेरे लिये कूश वासियों के समान नहीं हो?” याहवेह की यह घोषणा है. “क्या मैं इस्राएलियों को मिस्र देश से, फिलिस्तीनियों को काफ़तोर देश से और सीरियावासियों को कीर देश से बाहर निकालकर नहीं लाया?