Skip to content
स्तोत्र ११९:१६९-१७०

स्तोत्र ११९:१६९-१७०

१६९
याहवेह, मेरी पुकार आप तक पहुंचे; मुझे अपने वचन को समझने की क्षमता प्रदान कीजिए.
१७०
मेरा गिड़गिड़ाना आप तक पहुंचे; अपनी प्रतिज्ञा पूर्ण करते हुए मुझे छुड़ा लीजिए.
Settings

Reading Style

Typeface

Font Size 19px

Options